मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (MDDA) ने देहरादून शहर के व्यवस्थित विकास, भविष्य की बुनियादी जरूरतों और शहरी नियोजन को नया आकार देने के उद्देश्य से ‘देहरादून महायोजना-2041’ के प्रारूप पर विशेष जनसुनवाई और आपत्तियाँ आमंत्रित करने की प्रक्रिया आधिकारिक रूप से शुरू कर दी है। इस महायोजना का मुख्य लक्ष्य अगले दो दशकों में देहरादून की लगातार बढ़ती आबादी के दबाव को संतुलित करना, यातायात प्रबंधन को दुरुस्त बनाना और पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ सुदृढ़ इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करना है। एमडीडीए कार्यालय में 28 जुलाई से 4 अगस्त तक आयोजित की जा रही इस जनसुनवाई के दौरान आम नागरिक, पर्यावरणविद, व्यापारी और विभिन्न सामाजिक संगठन सड़क चौड़ीकरण, ग्रीन बेल्ट क्षेत्र, वाणिज्यिक गतिविधियों और आवासीय कॉलोनियों के सीमांकन जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपने लिखित सुझाव और शिकायतें दर्ज करा सकेंगे। शहर में अनियोजित निर्माण और लगातार बन रही जलभराव की समस्याओं को देखते हुए इस नए ड्राफ्ट में जल निकासी तंत्र (ड्रेनेज सिस्टम) और हरित क्षेत्रों के संरक्षण पर विशेष ध्यान दिया गया है। प्राधिकरण के अधिकारियों के अनुसार, प्राप्त होने वाले सभी व्यावहारिक सुझावों की गहन समीक्षा के बाद ही महायोजना को अंतिम रूप देकर राज्य सरकार की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा, ताकि दून घाटी के प्राकृतिक स्वरूप को बनाए रखते हुए एक आधुनिक और पर्यावरण-अनुकूल शहर का निर्माण किया जा सके।
देहरादून महायोजना-2041 पर जनसुनवाई शुरू, एमडीडीए ने मांगे नागरिकों के सुझाव और आपत्तियाँ

