देहरादून-पांवटा साहिब पुराने राजमार्ग पर नंदा की चौकी (प्रेमनगर) के पास टौंस नदी पर लगभग 16 करोड़ रुपये की लागत से बने नए पुल का एप्रोच रोड (संपर्क मार्ग) मानसूनी बारिश के बाद मिट्टी बहने से अचानक धंस गया, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और यातायात को एहतियातन रोकना पड़ा। पिछले वर्ष क्षतिग्रस्त हुए पुराने मुख्य पुल के स्थान पर बनाए गए इस नवनिर्मित पुल पर जुलाई के दूसरे सप्ताह में ही वाहनों की आवाजाही शुरू की गई थी, लेकिन महज 17 दिनों के भीतर एप्रोच मार्ग के धंस जाने से निर्माण कार्य की गुणवत्ता और लोक निर्माण विभाग (PWD) की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। घटना की जानकारी मिलते ही जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने पुलिस और तकनीकी इंजीनियरों की टीम के साथ मौके पर पहुँचकर स्थिति का जायजा लिया तथा दुर्घटना को रोकने के लिए एप्रोच रोड की तत्काल मरम्मत कराने के कड़े निर्देश जारी किए। दूसरी ओर, सोशल मीडिया पर पुल के पूरी तरह ढह जाने की उड़ रही अफ़वाहों का खंडन करते हुए पुलिस और जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि मुख्य पुल का मूल ढांचा पूरी तरह सुरक्षित है और केवल संपर्क मार्ग की मिट्टी बहने से गड्ढा बना है। इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए उत्तराखंड शासन ने कार्यदायी संस्था की लापरवाही पर सख्त नाराजगी व्यक्त की है और संबंधित अधिकारियों से तीन दिनों के भीतर जांच रिपोर्ट तलब की है, ताकि दोषियों की जवाबदेही तय कर आगे की कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जा सके।
नंदा की चौकी में नवनिर्मित पुल का संपर्क मार्ग धंसा, शासन ने 3 दिन में मांगी जांच रिपोर्ट

