देहरादून जिले के रायपुर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले मालदेवता, सौड़ा सरौली और आसपास के आपदा संवेदनशील इलाकों में लगातार हो रही भारी बारिश के बाद जिला प्रशासन द्वारा राहत एवं पुनर्निर्माण कार्य युद्धस्तर पर संचालित किए जा रहे हैं। हाल ही में सोंग नदी के अचानक बढ़े जलस्तर के कारण मालदेवता स्थित कलिंगा नहर क्षतिग्रस्त हो गई थी, जिसे सिंचाई विभाग की टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पुनः बहाल कर दिया है, जिससे क्षेत्रीय किसानों को सिंचाई के लिए पानी की आपूर्ति फिर से मिलने लगी है। जिला प्रशासन की ओर से पोकलैंड और जेसीबी मशीनों के माध्यम से नदी का चौनलाइजेशन कार्य तेजी से कराया जा रहा है ताकि भविष्य में जलभराव और भू-कटाव के खतरे को कम किया जा सके। आपदा के दौरान क्षतिग्रस्त हुई ग्रामीण सड़कों, सुरक्षा दीवारों और पुलियाओं के पुनर्निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग तथा जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की संयुक्त टीमें दिन-रात मौके पर डटी हुई हैं। अपर जिलाध्यक्ष और संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि संवेदनशील स्थलों पर कटाव को रोकने के लिए पुश्ते और सुरक्षा जाल लगाने का काम प्राथमिकता पर किया जा रहा है। इसके साथ ही, स्थानीय प्रशासन लगातार मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर बनाए हुए है और नदियों के किनारे बसे गांवों में मुनादी करवाकर लोगों को सतर्क रहने की हिदायत दे रहा है। प्रभावित परिवारों को तात्कालिक राहत सामग्री उपलब्ध कराने के साथ-साथ जिन लोगों के मकानों को नुकसान पहुंचा है, उन्हें सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने की व्यवस्था की गई है। सिंचाई और लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि सभी तटबंधों का नियमित निरीक्षण किया जाए ताकि अचानक आने वाली बाढ़ की स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके। स्थानीय निवासियों ने समय पर नहर बहाली और नदी चौड़ीकरण के काम पर राहत जताई है, जिससे आगामी बारिश के दौरान संभावित बड़े नुकसान से बचाव होने की पूरी उम्मीद है।
मानसून बारिश से प्रभावित मालदेवता और सौड़ा सरौली क्षेत्रों में पुनर्निर्माण कार्य युद्धस्तर पर शुरू

